Sade Sati: कुंभ राशि पर शनि की साढ़ेसाती का प्रभाव
शनि की साढ़ेसाती एक चुनौतीपूर्ण अवधि मानी जाती है जो लगभग साढ़े सात साल तक चलती है। जैसा कि हम जानते है कि शनि ग्रह एक राशि में 2.5 यानी ढ़ाई साल तक रहते है। इस दौरान जन्म राशि के चंद्र ग्रह से बारहवें, लग्न और दूसरे घर में शनि ग्रह को साढ़े सात साल लगते है। इसी अवधि को साढ़ेसाती कहा जाता है। वर्तमान में मेष राशि पर साढ़ेसाती का पहला, मीन राशि पर साढ़ेसाती का दूसरा चरण और कुंभ राशि पर साढ़ेसाती का तीसरा या अंतिम चरण चल रहा है। कुंभ राशि पर साढ़ेसाती का प्रभाव (Sadhe Sati effects on Aquarius) कुंभ राशि पर शनि की साढ़ेसाती 24 जनवरी 2020 से शुरू हुई थी और कुंभ राशि से शनि की साढ़ेसाती पूरी तरह से 03 जून 2027 को समाप्त होगी। जैसा कि आप जान ही चुके है, शनि ग्रह एक राशि में 2.5 यानी ढ़ाई साल रहते है और इस तरह से साढ़े सात साल की साढ़ेसाती की अवधि के दौरान तीन चरण आते है। जिन्हे साढ़ेसाती का पहला, दूसरा और तीसरा चरण कहते है और हर चरण का इस अवधि में अपना प्रभाव रहता है। आइए जानते है संक्षिप्त रूप से साढ़ेसाती के इन तीन चरणों के बारे में कुंभ राशि...